महिला सुरक्षा के लिए बालोतरा पुलिस का जागरूकता अभियान, रैली निकालकर दिया सुरक्षा और सम्मान का संदेश
बालोतरा। महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण को लेकर बालोतरा पुलिस ने सोमवार को जिलेभर में "महिला सुरक्षा संकल्प" अभियान के तहत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए। नगर परिषद से रणछोड़ धाम तक निकाली गई विशाल महिला जागरूकता रैली के साथ संवाद कार्यक्रम, आत्मरक्षा प्रशिक्षण और साइबर सुरक्षा जागरूकता गतिविधियों के जरिए महिलाओं और बालिकाओं को उनके अधिकारों व सुरक्षा उपायों की जानकारी दी गई।
पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार कांवट (आईपीएस) ने बताया कि पुलिस मुख्यालय राजस्थान के निर्देशानुसार चलाए जा रहे इस अभियान का उद्देश्य महिलाओं की सुरक्षा को और मजबूत बनाना तथा समाज में महिला सुरक्षा के प्रति व्यापक जनजागरूकता विकसित करना है।
रैली में महिला सुरक्षा, समान अधिकार, महिला सशक्तिकरण, 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' और साइबर सुरक्षा से जुड़े संदेशों वाले बैनर व तख्तियों के माध्यम से आमजन को जागरूक किया गया। इसमें स्कूल-कॉलेज की छात्राएं, महिला पुलिसकर्मी, सुरक्षा सखियां, राजीविका समूह की महिलाएं, पुलिस मित्र और विभिन्न विभागों की महिला प्रतिनिधियों ने भाग लिया। जिले के सभी थाना क्षेत्रों में भी महिला जागरूकता रैलियां और जनसंवाद कार्यक्रम आयोजित किए गए।
रैली के बाद रणछोड़ धाम परिसर में आयोजित महिला संवाद कार्यक्रम में पचपदरा वृत्ताधिकारी योगेश चौधरी, अपराध सहायक केशर निपु, थाना अधिकारी शारदा निपु, बाबूराम निपु, महिला थाना अधिकारी लूणाराम जाणी और यातायात प्रभारी नेनाराम जाणी सहित पुलिस अधिकारियों ने महिलाओं व छात्राओं से संवाद कर सुरक्षा संबंधी जानकारी दी।
कार्यक्रम में महिलाओं और बालिकाओं को महिला सुरक्षा कानून, महिला हेल्पलाइन-1090, आपातकालीन सेवा-112, साइबर हेल्पलाइन-1930, ऑनलाइन ठगी से बचाव, सोशल मीडिया सुरक्षा और शिकायत दर्ज कराने की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। साथ ही घरेलू हिंसा, छेड़छाड़ और साइबर अपराध जैसी घटनाओं में तत्काल पुलिस से संपर्क करने का आह्वान किया गया।
महिलाओं को आत्मरक्षा (सेल्फ डिफेंस) का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया। इसके अलावा राजकॉप सिटीजन ऐप डाउनलोड करवाकर उसके फीचर्स, ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने और आपात स्थिति में त्वरित सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया समझाई गई।
कार्यक्रम के अंत में महिलाओं एवं बालिकाओं ने महिला सुरक्षा, सम्मान और सशक्तिकरण का संदेश जन-जन तक पहुंचाने तथा स्वयं भी जागरूक रहने का संकल्प लिया। पुलिस अधिकारियों ने समाज से सुरक्षित और संवेदनशील वातावरण के निर्माण में सक्रिय सहयोग की अपील की।
